Delhi Education Digital Upgrade के तहत सीएम रेखा गुप्ता ने 101 ICT लैब्स और नए स्कूल ब्लॉक्स का उद्घाटन किया। जानें कैसे बदल रही है दिल्ली की शिक्षा व्यवस्था।
Delhi Education Digital Upgrade के तहत दिल्ली की शिक्षा व्यवस्था को आधुनिक बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया गया है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने दिलशाद गार्डन स्थित DIET और मानसरोवर गार्डन के सर्वोदय विद्यालय में नए शैक्षणिक ब्लॉक्स का उद्घाटन करते हुए सरकारी स्कूलों में डिजिटल लर्निंग को बढ़ावा देने के लिए Delhi Education Digital Upgrade 101 अत्याधुनिक ICT लैब्स की शुरुआत की।
सरकार का कहना है कि शिक्षा केवल भवन निर्माण तक सीमित नहीं है, बल्कि छात्रों को विश्वस्तरीय तकनीक और गुणवत्तापूर्ण शिक्षण उपलब्ध कराना इसका मुख्य उद्देश्य है। इस पहल के जरिए स्मार्ट क्लासरूम, कंप्यूटर लैब्स और आधुनिक सुविधाओं को मजबूत किया जा रहा है, जिससे सरकारी स्कूलों का शिक्षा मॉडल और प्रतिस्पर्धी बन सके।
विशेषज्ञों का मानना हैDelhi Education Digital Upgrade कि डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर का विस्तार छात्रों की सीखने की क्षमता को बढ़ाएगा और उन्हें भविष्य की तकनीकी चुनौतियों के लिए तैयार करेगा। यह कदम दिल्ली को देश के सबसे आधुनिक शिक्षा तंत्र वाले राज्यों में शामिल करने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
Delhi Education Digital Upgrade: 101 ICT लैब्स से डिजिटल लर्निंग को मिली रफ्तार
Delhi Education Digital Upgrade के सबसे अहम हिस्सों में से एक है 101 उन्नत ICT कंप्यूटर लैब्स की स्थापना। इन लैब्स को अमेरिकन इंडिया फाउंडेशन (AIF) और लाडली फाउंडेशन के CSR सहयोग से तैयार किया गया है।
प्रत्येक लैब में लगभग 20 कंप्यूटर, इंटरएक्टिव फ्लैट पैनल डिस्प्ले (IFPD) और हाई-स्पीड डिजिटल सपोर्ट सिस्टम उपलब्ध कराया गया है। यह व्यवस्था पारंपरिक शिक्षा मॉडल से आगे बढ़कर तकनीक आधारित शिक्षण को बढ़ावा देती है।
डिजिटल लैब्स का सबसे बड़ा लाभ यह होगा कि छात्र अब केवल किताबों तक सीमित नहीं रहेंगे। वे प्रेजेंटेशन, वर्चुअल प्रयोग, ऑनलाइन रिसर्च और स्किल-आधारित प्रशिक्षण का हिस्सा बन सकेंगे।
सरकार का लक्ष्य डिजिटल डिवाइड को कम करना भी है। निजी स्कूलों की तुलना में सरकारी स्कूलों के छात्रों को भी समान तकनीकी अवसर मिलें—इसी सोच के तहत यह पहल की गई है।
शिक्षकों के लिए भी विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम तैयार किए गए हैं, ताकि वे तकनीक का प्रभावी उपयोग कर सकें। इससे कक्षा में पढ़ाई अधिक इंटरएक्टिव और परिणाम-उन्मुख बनने की उम्मीद है।
विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले वर्षों में डिजिटल शिक्षा रोजगार की संभावनाओं को भी प्रभावित करेगी, क्योंकि तकनीकी कौशल अब लगभग हर क्षेत्र में आवश्यक हो चुका है।
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Delhi Education Digital Upgrade: नए शैक्षणिक ब्लॉक्स से मजबूत हुआ इंफ्रास्ट्रक्चर
Delhi Education Digital Upgrade केवल तकनीक तक सीमित नहीं है, बल्कि बुनियादी ढांचे को भी बड़े स्तर पर मजबूत किया जा रहा है।
मानसरोवर गार्डन के सर्वोदय विद्यालय में ग्राउंड प्लस 3 मंजिला भवन तैयार किया गया है, जिसमें 29 आधुनिक कक्षाएं हैं। इन कक्षाओं को छात्रों की संख्या और शैक्षणिक जरूरतों को ध्यान में रखते हुए डिजाइन किया गया है।
वहीं, दिलशाद गार्डन स्थित DIET परिसर में भी नया बहुमंजिला भवन बनाया गया है, जिसमें 19 कक्षाएं और शिक्षक प्रशिक्षण के लिए अत्याधुनिक सुविधाएं उपलब्ध हैं।
इन भवनों का उद्देश्य केवल जगह बढ़ाना नहीं, बल्कि सीखने का बेहतर वातावरण तैयार करना है। अधिक रोशनी, वेंटिलेशन, स्मार्ट बोर्ड और सुरक्षित संरचना जैसे तत्व शिक्षा की गुणवत्ता को सीधे प्रभावित करते हैं।
सरकार का मानना है कि आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर छात्रों की उपस्थिति बढ़ाने और ड्रॉपआउट दर कम करने में भी मदद करेगा।
CM Shri Schools और ‘नींव’ पाठ्यक्रम: शिक्षा के साथ संस्कार पर जोर
दिल्ली सरकार ने शिक्षा को केवल अकादमिक उपलब्धियों तक सीमित नहीं रखा है। CM Shri Schools और ‘नींव’ पाठ्यक्रम इसी व्यापक दृष्टिकोण का हिस्सा हैं।
सरकार आने वाले समय में 75 CM Shri Schools शुरू करने की योजना बना रही है, जो गुणवत्ता के उच्च मानकों का प्रतिनिधित्व करेंगे। इन स्कूलों में आधुनिक प्रयोगशालाएं, खेल सुविधाएं और समग्र विकास पर ध्यान दिया जाएगा।
‘नींव’ पाठ्यक्रम के माध्यम से छात्रों में नैतिकता, नागरिक जिम्मेदारी और देशप्रेम जैसी मूलभूत मान्यताओं को विकसित करने पर जोर दिया जा रहा है।
विशेषज्ञों का मानना है कि केवल तकनीकी शिक्षा पर्याप्त नहीं—व्यक्तित्व निर्माण भी उतना ही महत्वपूर्ण है।
शिक्षा के साथ खेल, पोषण और स्किल डेवलपमेंट पर फोकस
Delhi Education Digital Upgrade का एक महत्वपूर्ण पहलू यह भी है कि शिक्षा को बहुआयामी बनाया जाए।
सरकार खेल मैदान, पोषण कार्यक्रम और स्किल डेवलपमेंट को शिक्षा प्रणाली से जोड़ रही है। इससे छात्रों का शारीरिक और मानसिक विकास संतुलित रहेगा।
तकनीकी कौशल, भाषा लैब्स और व्यावसायिक प्रशिक्षण भविष्य के रोजगार बाजार को ध्यान में रखकर तैयार किए जा रहे हैं।
यह पहल संकेत देती है कि शिक्षा अब केवल परीक्षा-केन्द्रित नहीं, बल्कि करियर-उन्मुख होती जा रही है।
भविष्य की दिशा: क्या दिल्ली बनेगी भारत का शिक्षा मॉडल?
विशेषज्ञों के अनुसार, यदि Delhi Education Digital Upgrade योजनाएं प्रभावी रूप से लागू होती हैं, तो दिल्ली अन्य राज्यों के लिए एक मॉडल बन सकती है।
सरकार और सामाजिक संगठनों की साझेदारी बड़े बदलाव का संकेत देती है। CSR के जरिए संसाधन जुटाने की रणनीति शिक्षा क्षेत्र में तेजी ला सकती है।
आने वाले वर्षों में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि इन योजनाओं का वास्तविक प्रभाव छात्रों के प्रदर्शन, रोजगार और उच्च शिक्षा पर कितना पड़ता है।
| पहल | विवरण |
|---|---|
| ICT Labs | 101 आधुनिक कंप्यूटर लैब्स |
| नए भवन | DIET और सर्वोदय विद्यालय |
| CM Shri Schools | 75 स्कूल प्रस्तावित |
| नींव पाठ्यक्रम | नैतिक शिक्षा पर जोर |
| CSR सहयोग | AIF और लाडली फाउंडेशन |




































